वन्य जीवों द्वारा ग्राम पंचायत के किसी भी तोक में खेती सुरक्षित नहीं…. बिनीता ध्यानी
रिखणीखाल।ग्राम पंचायत काण्डा, विकास खंड रिखणीखाल जिला पौड़ी गढ़वाल की ग्राम पंचायत प्रधान बिनीता ध्यानी ने कोटद्वार में एक कार्यक्रम के दौरान गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी से मुलाकात कर अपनी समस्या निवारण की बात कही। उन्होंने कहा कि परिक्षेत्र तेरह किमी तक वृहद् ग्राम पंचायत है जिसका 75% भाग कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ टाइगर रिजर्व में तथा 25%भाग गढ़वाल वन प्रभाग व कॉर्बेट पार्क के बफर जोन में बसा है।वन्य जीवों द्वारा ग्राम पंचायत के किसी भी तोक में खेती सुरक्षित नहीं यहां तक कि मानव जीवन भी सुरक्षित नहीं।
1- कोर जोन से सटे राजस्व ग्राम तैड़िया का भू-भाग 56 हेक्टेअर है केवल आवासीय भूभाग ही लैंटाना व काली झाड़ी से बचा है।
2- तैड़िया गांव तक जाने के लिए कोटद्वार -धुमाकोट -मैदावन मोटरमार्ग से पूर्व की ओर पांच किलोमीटर सघन वन क्षेत्र में 6फुट पैदल मार्ग है जिसे वनविभाग बनाने नहीं देता।न खुद सफाई करते न हमें काम करने देते हैं।
3- गांव में विद्युतीकरण नहीं जबकि दीनदयाल उपाध्याय योजना से सिगल केबल द्वारा अंडरग्राउंड विद्युत आपूर्ति निकटवर्ती काण्डा नाला से की जा सकती है। जिसके लिए उत्तराखण्ड सरकार का अनुमोदन आवश्यक है।
4- सुरक्षा हेतु हाथीरोधी दीवार या सोलर फेंसिंग लगभग दो से तीन किलोमीटर तक हो सके तो चालीस परिवारों की आंखों की खुशी लौट आयेगी।
5- खेतीयोग्य भूभाग गजरोड़ा, खेड़ा,बैडवाड़ी,बुडोलाखोला, सौंटियालखोला, चौड़,भैंस्यारौ, बिरोबाड़ी व जवाड़ीरौला में फेंसिंग बाड़ या सुरक्षा दीवार की नितांत आवश्यकता है।
6- मानव वन्य जीव संघर्ष से बचाव हेतु पूरी ग्राम पंचायत के लिए कम से कम दो सौ सोलर पैनलों की आवश्यकता है। क्यों कि ग्राम पंचायत निधि से यह संभव नहीं।
7-कॉर्बेट टाइगर रिजर्व जो कि रामनगर नैनीताल में है जबकि 70%भाग पार्क का गढ़वाल में है,की कालागढ़ टाइगर रिजर्व की परिसम्पतियों का विलोपन/प्रतिस्थापन कॉर्बेट टाइगर रिजर्व में वर्ष 19820के दशक में किया गया जिनकी वापसी आपके द्वारा ही संभव है केन्द्रीय वन मंत्रालय से स्वीकृति दिलाने व वन कानूनों में एनटीसीए के मानकानुकूल वनविभाग स्थानीय लोगों से सामंजस्य स्थापित कर जनहित में नियमशिथिल कर विकास को गति देने में सहयोगी हो सकता है को चरितार्थ कराने की अनुमत्यापेक्षित है।
राजस्व ग्राम पंचायत काण्डा को उनके मूलाधिकारों समेत वैकासिक दृष्टि से सहज सरल व सुविकसित आदरणीय मोदी जी की नीत्याधारित् परम्परा को सकारात्मक स्वरूप प्रदान करने के लिए गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी को ग्राम पंचायत काण्डा रिखणीखाल की प्रधान बिनीता ध्यानी ने ज्ञापन सौंपा।जिस पर सांसद द्वारा आशातीत कार्रवाई का आश्वासन दिया।

