देहरादून में आज पूर्व सैनिक संघर्ष समिति कोटद्वार द्वारा एक भारी जनाक्रोश रैली आयोजित की गई। यह रैली श्री प्रेम चंद अग्रवाल द्वारा विधान सभा में पहाड़ियों के लिए असंसदीय भाषा बोलने के विरोध में आयोजित की गई थी।



इस रैली में उत्तराखंड के विभिन्न सैनिक संगठनों, सामाजिक संगठनों, और यू के डी के द्वारा प्रतिभाग किया गया। रैली के दौरान, राज्य सरकार से आवाहन किया गया कि प्रेम चंद अग्रवाल जी की तुरंत बर्खास्त की जाए।
इस रैली को कई मायनों में सफल माना जा रहा है, क्योंकि इसके माध्यम से उत्तराखंड के पूर्व सैनिकों को संगठित करने के प्रयासों को बल मिलेगा। उत्तराखंड के पूर्व सैनिक राजनीतिक दलों के छद्म आवरण को जान और समझ चुके हैं।
उत्तराखंड के दोनों राष्ट्रीय पार्टियों ने उत्तराखंड जन मानस को जाति, धर्म, और पंथ में विभाजित करने का काम किया है। वर्तमान घटनाक्रम भी इसी विचार धारा को आगे बढ़ाने का काम कर रहा है, जिसके माध्यम से पहाड़ और बाहरी के मुद्दे को उठाकर अपनी पार्टी की उत्तराखंड जन विचार धारा को पोषित करने का काम किया जा रहा है।
आज उत्तराखंड का हर दूसरा युवा बेरोजगार है, नशा पूरे समाज को दूषित कर रहा है, और युवा नशे की गर्त में डूबता जा रहा है। इन सब से उत्तराखंड को बचाने के लिए, हमें ऐसी भ्रष्ट सरकारों को सत्ता से दूर करना होगा जो सत्ता का भोग अपनी अकूत संपत्तियों को बढ़ाने का काम कर रही हैं।
इस रैली के माध्यम से हम उत्तराखंड के लोगों से आवाहन करते हैं कि वे अपने अधिकारों के लिए एकजुट हों और ऐसी सरकारों को सत्ता से दूर करें जो उत्तराखंड के विकास में बाधा बन रही हैं। उक्त जानकारी एक प्रेस विज्ञप्ति में पूर्व सैनिक संघर्ष समिति के अध्यक्ष
महिंद्र पाल सिंह रावत ने एक प्रेस विज्ञप्ति में साझा की। महेंद्र पाल सिंह रावत।
अध्यक्ष
पूर्व सैनिक संघर्ष समिति कोटद्वार।



