राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय बिजनी बड़ी में “सपनों की उड़ान” कार्यक्रम का भव्य आयोजन


विभागीय निर्देशों के अनुपालन में आज राजकीय उच्च विद्यालय बिजनी बड़ी, यमकेश्वर, पौड़ी गढ़वाल में सपनों की उड़ान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। “सपनों की उड़ान” कार्यक्रम बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए तथा उनकी अन्तर्निहित प्रतिभाओं को उजागर करने के लिए विभिन्न प्रतियोगिताओं के रूप में प्रत्येक वर्ष आयोजित किया जाता है

। इस बार के कार्यक्रम बच्चों के साथ-साथ उनके माता-पिता, अभिभावक, स्कूल में गठित महिला प्रेरक समूह के सदस्यों हेतु भी संयुक्त रूप से (पाल्य एवं माता-पिता) विभिन्न प्रकार की


प्रतियोगिताओं जैसे- लोक नृत्य, लोक गायन, पारम्परिक परिधानों में रैंम्प वाक, एस०एम०सी० के कर्तव्य और अधिकार पर आधारित नुक्कड़ नाटक, सर्वश्रेष्ठ एस०एम०सी के लिए मानक, कुर्सी-दौड़, नींबू- दौड़ आदि विभिन्न प्रकार की मनोरंजक प्रतिस्पर्धाएं राज्य स्तर से ही निर्धारित की गई हैं। विद्यालय स्तर पर आयोजित होने वाले “सपनों के उड़ान” कार्यक्रम के तहत निर्धारित प्रतियोगिताओं में बच्चों का साथ देने के लिए आज समस्त अभिभावकों, माता-पिता तथा महिला प्रेरक समूह के सदस्यों को भी आमन्त्रित किया गया। दिवस के प्रथम सत्र में कार्यक्रमों का शुभारम्भ प्रधानाध्यापक श्री मनोज मैठानी तथा विद्यालय प्रबन्धन समिति के सदस्यों द्वारा माॅं सरस्वती के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलन व वन्दना से किया गया।

प्रधानाध्यापक श्री मनोज मैठानी जी द्वारा सभी सदस्यों का स्वागत करते हुए आज के दिवस के रूपरेखा सदन के सम्मुख प्रस्तुत की गई। तत्पश्चात अध्यापक श्री जेपी कुकरेती जी द्वारा इस वर्ष की सपनों की उड़ान कार्यक्रम की रूपरेखा विस्तार से उपस्थित सदस्यों के सामने रखी गई। इसी सत्र में विद्यालय प्रबंध समिति के कर्तव्य, दायित्व और अधिकार, छात्र-छात्राओं की शैक्षिक उपलब्धि तथा अध्यनरत छात्र-छात्राओं को शासन तथा विभाग द्वारा उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न प्रकार के प्रोत्साहनों जैसे धनराशि, सामग्री आदि के बारे में भी विस्तार से सदन को अवगत कराया गया।

विद्यालय प्रबन्धन समिति के अधिकार, दायित्व एवं कर्तव्य के बारे में भी अध्यापक श्री जेपी कुकरेती जी द्वारा सदस्यों के साथ वार्ता की गई। जिसमें सामाजिक सम्परिक्षा, पीएम पोषण के तहत उपलब्ध कराए जा रहे भोज्य सामग्री तथा प्रोत्साहन सामग्री आदि से सदन को अवगत कराया गया। ”सपनों की उड़ान” कार्यक्रम का आरम्भ उच्च प्राथमिक स्तर की लोकगायन प्रतियोगिता से किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में निर्णायक के लिए ग्राम सभा के वयस्क नागरिक तथा विशेषज्ञ श्रीमती नीमा देवी तथा श्रीमती तारा देवी को आमंत्रित किया गया था। लोकगायन प्रतियोगिता में कुमारी रितिका और उनके पिताजी श्रीरतन प्रकाश, वर्षा-सिद्धार्थ और उनकी माताजी श्रीमती सरिता देवी, दीपक उनकी माता श्रीमती मधुदेवी, समीर उनकी माता श्रीमती रेखा देवी, सुशांत उनकी बहन नेहा और सिया द्वारा संयुक्त रूप से शानदार प्रस्तुति की गई। निर्णायकों द्वारा समीर और उनकी माता श्रीमती रेखा देवी को प्रथम स्थान, रितिका तथा उनके पिताजी श्री रतन प्रकाश को द्वितीय स्थान तथा दीपक और उनकी माता श्रीमती मधु देवी को तृतीय प्रदान किया गया। तत्पश्चात सभी उपस्थित अभिभावकों, माता-पिता तथा महिला प्रेरक समूह के सदस्यों के बीच कुर्सी-दौड़ का भी आयोजन किया गया। कुर्सी दौड़ में श्रीमती सरिता देवी, श्रीमती मधु देवी एवं श्री रतन प्रकाश क्रमशः प्रथम, द्वितीय और तृतीय रहे। कुर्सी-दौड़ के साथ-साथ नींबू-दौड़ का भी आयोजन अभिभावक और माता-पिताओं के बीच करवाया गया। जिसमें शिया, श्रीमती सरिता देवी तथा श्रीमती मधु देवी ने क्रमशः प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया गया। माता-पिता, अभिभावक और बच्चों के बीच संयुक्त रूप से अन्य मनोरंजन खेलों का भी आयोजन किया गया। जैसे – कोऑर्डिनेशन और बैलेंसिंग आदि। इस अवसर पर पी०एम० पोषण के तहत स्थानीय गढ़वाली व्यंजनों की भी व्यवस्था विद्यालय परिवार द्वारा की गई थी। इस अवसर पर उपस्थित प्रधानाध्यापक प्राथमिक विद्यालय श्री बहादुर सिंह जी द्वारा भी बच्चों और अभिभावकों को सम्बोधित करते हुए इस प्रकार की गतिविधियों के महत्व से अवगत कराया गया। “सपनों की उड़ान” कार्यक्रम में परिसर में ही स्थित बाल-वाटिका (आंगनबाड़ी) के नन्हे- मुन्ने बच्चों, कार्यकर्ती तथा सहायिका द्वारा प्रतिभागिता और कार्यक्रम को सफल बनाने में पूर्ण सहयोग प्रदान किया गया। परिणाम लेखन कार्य तथा अन्य व्यवस्थाएं अध्यापिका श्रीमती रेखा देशवाल द्वारा की गई। कार्यक्रम की सम्पूर्ण रूपरेखा और संचालन श्री जेपी कुकरेती जी द्वारा किया गया। इस अवसर पर श्री रतन प्रकाश, श्रीमती सरिता देवी, श्रीमती मधु देवी, श्रीमती रेखा देवी, श्रीमती नीमा देवी, श्रीमती तारा देवी, नेहा, सिया, आंगनबाड़ी कार्यकर्ती श्रीमती लक्ष्मीदेवी, सहायिका श्रीमती सतेश्वरी देवी, भोजन-माता श्रीमती गुड्डी देवी के अलावा अन्य अभिभावक तथा माता-पिता उपस्थित रहे।



