*साइबर अपराध जागरूकता अभियान · “जानकारी ही सबसे बड़ा कवच”* *आलेख : महेन्द्र पाल सिंह रावत (अध्यक्ष पूर्व सैनिक संघर्ष समिति)*
डिजिटल युग में जहां एक क्लिक पर दुनिया मुट्ठी में है, वहीं एक गलत क्लिक जिंदगी भर की कमाई भी छीन सकता है। इसी सच्चाई से रूबरू कराने के लिए आज *सरस्वती विद्या मंदिर, उमरावनगर, मोटाढांग, कोटद्वार* में साइबर अपराध जागरूकता बैठक का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ सभी अतिथि विशेषज्ञों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। दीप की लौ ने मानो संदेश दिया कि अज्ञानता के अंधेरे को सिर्फ जागरूकता की रोशनी से ही मिटाया जा सकता है। *विशेषज्ञों ने खोले साइबर ठगी के राज* मंच पर मौजूद *श्रीमान कमलेश, प्रभारी साइबर सेल कोटद्वार* ने बताया कि आज ठग तकनीक से नहीं, हमारे लालच और डर से खेलते हैं। *कोतवाल श्री प्रदीप नेगी* ने फर्जी कॉल के नए तरीकों पर प्रकाश डाला। *डिप्टी एसपी सेवानिवृत्त श्री बी.डी. जुयाल, देहरादून* ने कहा कि पुलिस से ज्यादा जरूरी है खुद का सतर्क रहना। *श्री संजीव कुमार, मंडलीय अधिकारी साइबर अपराध, बजाज फाइनेंस उत्तराखंड* ने ऑनलाइन लोन और EMI के नाम पर हो रही ठगी के बारे में चेताया।
पूर्व सैनिक संघर्ष समिति के अध्यक्ष महेंद्रपाल सिंह रावत ने दर्द साझा किया कि कोटद्वार में सबसे ज्यादा ठगी का शिकार पूर्व सैनिक और वीर नारियां हो रही हैं। कोई न कोई पूर्व सैनिक साइबर सेल कोटद्वार के दरवाज पर सहायता की अर्जी लेकर खड़े रहते है, बैंक, पेंशन, डॉक्यूमेंटेशन के नाम पर रोज फोन आते हैं। उन्होंने अपील की कि कोई भी बैंक या फौज के नाम पर OTP मांगे तो तुरंत फोन काट दें
विशेषज्ञों ने सरल भाषा बच्चों को समझाया कि साइबर अपराध से बचने के तीन मूल मंत्र हैं:
- रुको अनजान लिंक पर क्लिक करने से पहले रुकें।
- सोचो क्या बैंक कभी फोन पर OTP मांगता है? नहीं।
- एक्शन ले शक हो तो तुरंत 1930 पर कॉल करें।
फर्जी लिंक, फेक आर्मी अफसर बनकर पैसे मांगना, सोशल मीडिया हैकिंग और QR कोड स्कैन के खतरे को उदाहरणों से समझाया गया।
आज के बात फिर एक संकल्प के साथ हुआ समापन – विद्यालय के प्रधानाचार्य ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आज का बच्चा कल का जागरूक नागरिक है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र- छात्राओं, शिक्षकों एवं पूर्व सैनिकों ने भाग लेकर साइबर सुरक्षा की शपथ ली। इस अवसर पर सुरेश सिंह रावत, नरेंद्र सिंह, गोपाल सिंह, ठाकुर सिंह, तीरथ सिंह मंगल सिंह और अनसूया प्रसाद सेमवाल सहित अनेक नागरिक उपस्थित थे।
संदेश साफ है, जब तक हम जागरूक नहीं होंगे, तब तक ठग बेखौफ रहेंगे। इसलिए “जागरूक रहें, सुरक्षित रहें”।
जय हिंद
महेंद्र पाल सिंह रावत
अध्यक्ष,
पूर्व सैनिक संघर्ष समिति, कोटद्वार
