उत्तराखंड की पहचान हमारे देश के स्वाभिमान और गौरव के प्रतीक भारतीय सेना के सेनानी है उत्तराखंड के लगभग हर घर से देश की रक्षा के लिए हमारे जवान सीमा पर डटे हैं लेकिन वर्तमान राजनीतिक हालत पर जब पहाड़ के स्वाभिमान को ठेस पहुचाने का प्रयास हो रहा है भारतीय सेना के सेवानिवृत्त सेनानियों के संगठन पूर्व सैनिक संघर्ष समिति ने पहाड़ के स्वाभिमान के विरुद्ध कार्य करने वालों का विरोध करने का मन बना लिया है पूर्व सैनिक संघर्ष समिति के अध्यक्ष महेंद्र पाल सिंह रावत ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि पहाड़ के स्वाभिमान तथा सम्मान को आहत करने वाली शक्तियों का पुरजोर विरोध किया जायेगा उन्होंने अपील करते हुए कहा कि उत्तराखंड के भाइयों और बहिनों,
उत्तराखंड के वासियो ंके लिए अससंदीय भाषा का प्रयोग करने के विरोध में देहरादून में 02 मार्च 2025 उत्तराखंडी स्वाभिमान रैली का आयोजन किया जा रहा है।

इस रैली को पूर्व सैनिक संघर्ष समिति, कोटद्वार अपना पूर्ण समर्थन दे रही है और कोटद्वार के आम जनमानस और पूर्व सैनिकों से अपील करती है कि अधिक से अधिक संख्या में देहरादून पहुंचें।


यह रैली पहाड़ी अस्मिता और सम्मान के लिए लड़ाई है, और एक सच्चे उत्तराखंडी होने के नाते हमारी जवाबदारी है कि हम उस हर शक्ति का विरोध करें जो उत्तराखंड के ताने बाने को तोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। आओ संगठित होकर ऐसी शक्तियों का विरोध करें।
समय : 02 मार्च 2025
(11 बजे)
स्थान: दिलाराम चौक
देहरादून
✊✊
महेंद्र पाल सिंह राव
अध्यक्ष
पूर्व सैनिक संघर्ष समिति कोटद्वार द्वारा एक प्रेस विज्ञप्ति में उक्त जानकारी दी गई।



